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₹5.40 लाख के 35 चोरी के मोबाइल बरामद
ठाणे पुलिस की अपराध शाखा यूनिट-1 ने तकनीकी प्रणाली CEIR (Central Equipment Identity Register) की मदद से 2025 से 2026 के दौरान चोरी या गुम हुए 35 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। बरामद मोबाइल की कुल कीमत करीब ₹5.40 लाख है। ये मामले कलवा, मुंब्रा, डायघर, राबोडी, ठाणेनगर और नौपाड़ा पुलिस थानों से जुड़े थे।

ठाणे: ठाणे पुलिस ने तकनीकी जांच की मदद से बड़ी कार्रवाई करते हुए ₹5 लाख 40 हजार रुपये कीमत के 35 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। ये मोबाइल फोन वर्ष 2025 से 2026 के दौरान ठाणे पुलिस आयुक्तालय के परिमंडल-1 के अंतर्गत आने वाले विभिन्न पुलिस थानों में चोरी या गुम होने की शिकायतों से जुड़े थे। पुलिस ने चोरी हुए मोबाइल फोन की तलाश के लिए CEIR (Central Equipment Identity Register) प्रणाली का इस्तेमाल किया। तकनीकी जानकारी के आधार पर मोबाइल फोन को ट्रेस किया गया और उन्हें पुलिस के कब्जे में लिया गया।
कई पुलिस थानों में दर्ज हुई थीं शिकायतें
ठाणे पुलिस आयुक्तालय के परिमंडल-1 में आने वाले कलवा, मुंब्रा, डायघर, राबोडी, ठाणेनगर और नौपाड़ा पुलिस थानों में वर्ष 2025 से 2026 के बीच मोबाइल फोन चोरी या गुम होने की कई शिकायतें दर्ज हुई थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने संबंधित अधिकारियों को चोरी और गुम हुए मोबाइल फोन की तलाश के निर्देश दिए थे। पुलिस ने शिकायतों में दर्ज मोबाइल फोन के तकनीकी विवरण जुटाए और उनके आधार पर आगे की जांच शुरू की।
CEIR से मिली पुलिस को मदद
चोरी या गुम हुए मोबाइल फोन की तलाश में पुलिस ने CEIR यानी Central Equipment Identity Register तकनीकी प्रणाली का इस्तेमाल किया। इस प्रणाली के माध्यम से मोबाइल फोन की पहचान और उसके इस्तेमाल से जुड़ी तकनीकी जानकारी के आधार पर उसे ट्रेस करने में पुलिस को मदद मिली। अपराध शाखा की यूनिट-1, ठाणे ने इस मामले में उपलब्ध शिकायतों की जानकारी एकत्र की। इसके बाद टीम ने तकनीकी प्रणाली का इस्तेमाल करते हुए अलग-अलग मोबाइल फोन की तलाश शुरू की। पुलिस की लगातार जांच के बाद कई मोबाइल फोन की जानकारी सामने आई और उन्हें बरामद करने की कार्रवाई की गई।
₹5.40 लाख के 35 मोबाइल बरामद
ठाणे पुलिस की इस कार्रवाई में कुल 35 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, इन सभी मोबाइल फोन की कुल कीमत करीब ₹5 लाख 40 हजार है। बरामद किए गए मोबाइल फोन अलग-अलग मामलों में चोरी या गुम हुए थे। पुलिस अब इन मोबाइल फोन के वास्तविक मालिकों की पहचान और संबंधित दस्तावेजों की जांच के बाद उन्हें सौंपने की प्रक्रिया पूरी करेगी।
अपराध शाखा की टीम ने की कार्रवाई
मोबाइल फोन बरामद करने की यह कार्रवाई अपराध शाखा, यूनिट-1, ठाणे की टीम ने की। टीम ने पुराने मामलों से संबंधित जानकारी को एक जगह एकत्र किया और तकनीकी माध्यम से मोबाइल फोन की तलाश की। पुलिस के मुताबिक, केवल शिकायत दर्ज करने तक सीमित रहने के बजाय तकनीकी संसाधनों का इस्तेमाल कर मामलों में आगे कार्रवाई करने पर जोर दिया गया। इसी प्रक्रिया के तहत CEIR प्रणाली के माध्यम से चोरी और गुम हुए मोबाइल फोन को ट्रेस किया गया।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई पुलिस सह आयुक्त (अपराध) पंजाबराव उगले, पुलिस उपायुक्त (अपराध) अमर सिंह जाधव और सहायक पुलिस आयुक्त, शोध-1, अपराध शाखा, ठाणे शेखर बागडे के मार्गदर्शन में की गई। अपराध शाखा यूनिट-1 के अधिकारियों और कर्मचारियों ने मोबाइल फोन से संबंधित शिकायतों की जानकारी जुटाने, तकनीकी जांच करने और फोन बरामद करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। टीम में वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनिल शिंदे सहित पुलिस अधिकारी और कर्मचारी शामिल रहे।
मोबाइल चोरी के मामलों में तकनीक का बढ़ता इस्तेमाल
मोबाइल फोन आज लोगों की रोजमर्रा की जिंदगी का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। मोबाइल चोरी या गुम होने के बाद उसका गलत इस्तेमाल होने की आशंका भी रहती है। ऐसे मामलों में तकनीकी प्रणालियों का इस्तेमाल पुलिस के लिए महत्वपूर्ण साबित हो रहा है। CEIR जैसी प्रणाली के माध्यम से मोबाइल फोन की पहचान से संबंधित जानकारी का इस्तेमाल करके पुलिस चोरी या गुम हुए उपकरणों की तलाश कर सकती है। ठाणे पुलिस की इस कार्रवाई में भी इसी तकनीकी प्रक्रिया का इस्तेमाल किया गया।
शिकायत दर्ज कराना क्यों जरूरी?
पुलिस की इस कार्रवाई से यह भी सामने आता है कि मोबाइल चोरी या गुम होने की स्थिति में संबंधित व्यक्ति को तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराने और मोबाइल की जानकारी उपलब्ध कराने की जरूरत है। मोबाइल का पहचान नंबर यानी IMEI नंबर सुरक्षित रखना भी उपयोगी होता है। शिकायत के समय यह जानकारी पुलिस को मोबाइल की पहचान और तकनीकी जांच में मदद कर सकती है।
35 लोगों को वापस मिल सकते हैं उनके मोबाइल
ठाणे पुलिस द्वारा बरामद किए गए 35 मोबाइल फोन अब उनके वास्तविक मालिकों तक पहुंचाने की दिशा में कार्रवाई की जा रही है। इससे उन लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है, जिन्होंने मोबाइल चोरी या गुम होने की शिकायत दर्ज कराई थी। ठाणे पुलिस की यह कार्रवाई बताती है कि तकनीकी जांच और पुलिस की पारंपरिक जांच प्रक्रिया को साथ लेकर चलने से चोरी हुए मोबाइल फोन की बरामदगी में मदद मिल सकती है।
