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लखनऊ नगर निगम की OTS योजना से 2.24 लाख भवन स्वामियों को राहत, 776 करोड़ की वसूली का लक्ष्य

लखनऊ। बकाया संपत्ति कर और अन्य नगर निगम देयों की वसूली को लेकर लखनऊ नगर निगम ने एकमुश्त निपटान यानी OTS (One Time Settlement) योजना शुरू की है। योजना के तहत 2.24 लाख से अधिक भवन स्वामियों को बकाया प्रॉपर्टी टैक्स, पानी और सीवर टैक्स पर लगने वाले ब्याज और सरचार्ज में 100 प्रतिशत छूट का लाभ मिलेगा। यह योजना 15 अगस्त से 15 दिसंबर तक लागू रहेगी और नगर निगम ने इसके माध्यम से करीब 776 करोड़ रुपये की वसूली का लक्ष्य रखा है।

Vinod Tiwari22 अग. 2026, 01:56 PM IST
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लखनऊ नगर निगम की OTS योजना से 2.24 लाख भवन स्वामियों को राहत, 776 करोड़ की वसूली का लक्ष्य

बकायेदारों को ब्याज और सरचार्ज में पूरी छूट

नगर निगम की ओटीएस योजना का मुख्य उद्देश्य लंबे समय से लंबित नगर निगम के विभिन्न करों की वसूली करना और बकायेदार भवन स्वामियों को राहत देना है। योजना के तहत पात्र संपत्तियों के बकाया प्रॉपर्टी टैक्स, पानी और सीवर टैक्स पर देय ब्याज एवं सरचार्ज को पूरी तरह माफ किया जाएगा। इससे उन भवन स्वामियों को विशेष राहत मिलने की उम्मीद है, जिनके मूल कर के साथ ब्याज और अतिरिक्त शुल्क जुड़ने के कारण कुल बकाया राशि काफी बढ़ गई है।

2.24 लाख से अधिक संपत्तियां योजना के दायरे में

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, ओटीएस योजना के तहत 2.24 लाख से अधिक भवन स्वामियों को लाभ मिलने की संभावना है। इन संपत्तियों पर नगर निगम का करीब 497.42 करोड़ रुपये मूल बकाया है, जबकि लगभग 278.59 करोड़ रुपये ब्याज के रूप में दर्ज हैं। इस तरह नगर निगम ने करीब 776 करोड़ रुपये की कुल वसूली का लक्ष्य निर्धारित किया है।

एक लाख से ज्यादा बकाया पर तीन किस्तों की सुविधा

योजना में बड़े बकायेदारों के लिए भी भुगतान की सुविधा रखी गई है। जिन भवन स्वामियों पर एक लाख रुपये से अधिक का बकाया है, उन्हें निर्धारित शर्तों के अनुसार तीन किस्तों में भुगतान करने का विकल्प दिया जाएगा। किस्तों की सुविधा से उन भवन स्वामियों को राहत मिल सकती है, जो एकमुश्त बड़ी राशि जमा करने में सक्षम नहीं हैं।

ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीके से आवेदन

लखनऊ नगर निगम ने ओटीएस योजना के तहत आवेदन और भुगतान की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यम उपलब्ध कराए हैं। भवन स्वामी अपनी पात्रता और बकाया राशि की जानकारी प्राप्त कर योजना का लाभ ले सकते हैं। नगर निगम की ओर से बकायेदारों से अपील की गई है कि निर्धारित अवधि के भीतर योजना का लाभ उठाकर अपने लंबित करों का निपटारा करें।

नगर निगम की वित्तीय स्थिति सुधारने पर जोर

मुख्य कर निर्धारण अधिकारी अशोक सिंह के अनुसार, ओटीएस योजना से जहां बड़ी संख्या में भवन स्वामियों को ब्याज और सरचार्ज से राहत मिलेगी, वहीं नगर निगम को लंबित राजस्व की वसूली में भी मदद मिलेगी। नगर निगम का मानना है कि लंबे समय से लंबित करों की वसूली से उसकी वित्तीय स्थिति मजबूत होगी और नागरिक सुविधाओं से जुड़े कार्यों के लिए उपलब्ध संसाधनों में बढ़ोतरी हो सकती है।

15 दिसंबर तक उठा सकते हैं योजना का लाभ

ओटीएस योजना 15 अगस्त से 15 दिसंबर तक चलेगी। ऐसे में पात्र भवन स्वामियों के पास बकाया कर का निपटारा करने और ब्याज व सरचार्ज में शत-प्रतिशत छूट का लाभ लेने के लिए निर्धारित अवधि तक का समय है। नगर निगम के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती अधिक से अधिक बकायेदारों को योजना से जोड़कर निर्धारित 776 करोड़ रुपये के वसूली लक्ष्य को हासिल करना है।